RANCHI :*छात्रों पर लाठी और पत्रकार पर FIR से नहीं दबेगी आवाज, झारखंड में लोकतंत्र को पुलिसिया शासन में बदल रही हेमंत सरकार : दीपक प्रकाश*

RANCHI :*छात्रों पर लाठी और पत्रकार पर FIR से नहीं दबेगी आवाज, झारखंड में लोकतंत्र को पुलिसिया शासन में बदल रही हेमंत सरकार : दीपक प्रकाश* 


रांची, झारखंड। 

भाजपा झारखंड के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व राज्यसभा सांसद  दीपक प्रकाश ने छात्र आंदोलन के दौरान पुलिस द्वारा किए गए लाठीचार्ज तथा आंदोलन की कवरेज करने आए न्यूज 18 इंडिया के वरिष्ठ पत्रकार श्री अमन चोपड़ा के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज किए जाने की खबर पर हेमंत सरकार पर तीखा हमला बोला है।

दीपक प्रकाश ने कहा कि हेमंत सरकार छात्रों के सवालों का जवाब देने के बजाय लाठी चला रही है और अब उन सवालों को जनता तक पहुंचाने वाले पत्रकारों को भी डराने-धमकाने का प्रयास किया जा रहा है। यह लोकतंत्र नहीं, बल्कि लोकतंत्र के नाम पर पुलिसिया दमन है।

उन्होंने कहा कि अपनी मांगों को लेकर सड़क पर उतरे छात्रों पर लाठीचार्ज और उसके बाद आंदोलन की रिपोर्टिंग करने आए पत्रकार के खिलाफ FIR की खबर बेहद गंभीर और चिंताजनक है। सरकार बताए कि आखिर उसे छात्रों से इतना डर क्यों लग रहा है और पत्रकारों के कैमरे से इतनी घबराहट क्यों है ?

श्री प्रकाश ने कहा कि  आंदोलन की कवरेज करने आए वरिष्ठ पत्रकार अमन चोपड़ा को हिरासत में लेकर होटल में घंटों बैठाया गया, नोटिस दिया गया और  कवरेज करने से रोका गया, यह प्रेस की स्वतंत्रता पर सीधा प्रहार है। क्या अब झारखंड में पत्रकारों को खबर दिखाने से पहले सरकार से अनुमति लेनी होगी ? क्या सरकार के खिलाफ उठने वाली हर आवाज को पुलिस के डंडे से कुचल दिया जाएगा ?

उन्होंने कहा कि छात्रों के हाथ में किताब और लोकतांत्रिक मांगों की आवाज है, जबकि सरकार के हाथ में लाठी है। पत्रकार के हाथ में कैमरा है, लेकिन सरकार उसके सामने FIR लेकर खड़ी है। यह तस्वीर झारखंड की लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए बेहद शर्मनाक है।

दीपक प्रकाश ने कहा कि हेमंत सोरेन सरकार यह भ्रम छोड़ दे कि पुलिस की ताकत के बल पर जनता के सवालों को दबाया जा सकता है। लाठी से शरीर को चोट पहुंचाई जा सकती है, लेकिन लोकतंत्र की आवाज को नहीं कुचला जा सकता। FIR से पत्रकारिता को डराया जा सकता है, लेकिन सच को कैद नहीं किया जा सकता।

उन्होंने कहा कि सरकार को छात्रों से संवाद करना चाहिए, उनके सवालों का जवाब देना चाहिए और उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। लोकतंत्र में आंदोलन अपराध नहीं है और सरकार से सवाल पूछना गुनाह नहीं है।

दीपक प्रकाश ने छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई और पत्रकार अमन चोपड़ा के विरुद्ध दर्ज की गई प्राथमिकी की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि सरकार पूरे मामले की वास्तविक स्थिति और कार्रवाई का आधार सार्वजनिक करे।

उन्होंने कहा कि भाजपा झारखंड में लोकतांत्रिक अधिकारों, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और स्वतंत्र पत्रकारिता के साथ मजबूती से खड़ी है। सरकार जितना दमन करेगी, जनता की आवाज उतनी ही बुलंद होगी। झारखंड की जनता न लाठी से डरने वाली है और न FIR से।

उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि हेमंत सरकार सत्ता के अहंकार में लोकतंत्र की मर्यादाओं को न लांघे। जनता सवाल पूछती रहेगी, छात्र अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाते रहेंगे और पत्रकार उन आवाजों को देश-दुनिया तक पहुंचाते रहेंगे।





By Madhu Sinha

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