CHANDANKIYARI : दिशोम गुरु शिबू सोरेन की प्रथम पुण्यतिथि मंगलवार को तिरंगा मोड़ में मनाईं गई ।

 CHANDANKIYARI : दिशोम गुरु शिबू सोरेन की प्रथम पुण्यतिथि मंगलवार को तिरंगा मोड़ में मनाईं गई । 


चन्दनकियारी,‌  बोकारो, झारखंड  ।

झारखण्ड के महान क्रान्तिकारी गरीब, मजदूर, किसानों की हक अधिकारों की आवाज़ झारखण्ड पुर्व मुख्यमंत्री योद्धा दिशोम गुरु शिबू सोरेन की प्रथम पुण्यतिथि के अवसर पर मंगलवार को चन्दनकियारी के आसनबनी, तिरंगा मोड़ पर उनके चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी। अध्यक्षता झामुमो संस्थापक सदस्य सह झारखण्ड आन्दोलनकारी नेता दुर्गा चरण महतो ने किया। जबकि संचालन जेएलकेएल नेता अंकित कुम्भकार ने किया। वहीं किसान नेता सह चन्दनकियारी के पुर्व प्रत्याशी जगन्नाथ रजवार ने उनके चित्र पर भाविनी श्रद्धांजलि अर्पण के उपरांत कहा कि झारखण्ड अलग राज्य आन्दोलन के दौरान पहली बार आसनबनी के इसी माटी में 18 नवम्बर 1978 को बिनोद बिहारी महतो, कॉ.ए.के.राय, शिबू सोरेन, हारु रजवार, के.एस.चटर्जी, शशी भूषण बाउरी, शिवा महतो, आनन्द महतो ने चन्दनकियारी क्षेत्र की शोषित, पिड़ित, वंचितों की हक अधिकार और आत्मिय सम्मान की सुरक्षा के लिए। वे पहली जन सभा को सम्बोधित कर हमें राजनीतिक से प्रेरित किया। झारखण्ड राज्य गठन की 26 वीं साल की दौर में गुजर रहा है। जहां वैसे लोग बुनियादी सुविधाओं से कोसों दूर है। वैसे दौर में स्वर्गीय सोरेन की विचारों को आत्मसात कर उनके द्वारा दिखाए गए आन्दोलन कि राह पर चलने की संकल्प लेने की जरूरत है।मौके पर अधिवक्ता महावीर रजवार, राजु टुडू, राधु बाउरी, राम प्रसाद मांझी, प्रदीप गोस्वामी, आलिमुद्दीन अंसारी, प्रफुल्य कुम्भकार, शक्ति पद रजवार, युधिष्ठिर टुडू, दुर्गा बाउरी, धनंजय रजवार, काली चरण रजवार, दिलीप महतो, अर्जुन महतो, उमेश बाउरी, खेतु बाउरी, भीम महतो, धिरेन बाउरी आदि मौजूद रहे।









Report By Mahendra Mahato ( Chandankiyari, Bokaro, Jharkhand) 

By Madhu Sinha 

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